RSS की कुटुंब शाखा में शामिल हुए 50 लाख परिवार

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(नवीन नरवाना): RSS की कुटुम्ब शाखा से जुड़े देश-विदेश में रहने वाले संधियो ने रविवार शाम को 5.30 बजे अपने के घरों में- ‘नमस्ते सदा वत्सले मातृभूमे त्वया हिंदूभूमे सुखवं वर्धितोहम की गूंज सुनाई देने लगी (हे प्यार करने वाली मातृभूमि! मैं तुझे सदा (सदैव) नमस्कार करता हूं। तूने मेरा सुख से पालन-पोषण किया है।)

संघी अपने-अपने घरों में प्रार्थना कर रहे थे, इसके साथ ही RSS ने एक इतिहास रच दिया हैं. आपको बता दें की इससे पहले कभी भी एक साथ व एक ही समय पर लोगों ने परिवार के साथ संघ की प्रार्थना की हो. संघ के सूत्रों के मुताबिक कोरोना वायरस के कारण संघ की ओर से शुरू की गई कुटुंब शाखा रविवार की शाम लगभग 50 लाख से अधिक परिवारों में लगी.इसमें लगभग तीन करोड़ से अधिक महिला, पुरुष एवं बच्चों के शामिल होने का अनुमान है.

राज्य के रोहतक विभाग के प्रचारक शिवकुमार ने बताया कि कुटुंब शाखा को लेकर जहां पहले से ही लोगों में उत्साह था वहीं इससे जुड़े लोगों और उनके परिजनों के लिए भी यह नया अनुभव था. इससे उन्हें भी संघ को समझने का मौका मिला हैं. हर समय परिस्थिति के अनुसार अपनी कार्यपद्धति में बदलाव करने वाले RSS ने कोरोना वायरस को लेकर घरों में कुटुंब शाखा की शुरुआत की हैं. इसमें बच्चों में संस्कार देने के साथ-साथ घरों में सुबह-शाम जो शाखा लगती है उसमें योग, व्यायाम, तथा सूर्य नमस्कार के दौरान लोग आपस में चर्चा भी करते हैं, फिर प्रार्थना करते हैं।

RSS संघ के हरियाणा प्रांत के प्रचार प्रमुख राजेश ने कहा की कोरोना वायरस के कारण चिकित्सक भी योग करने की सलाह लोगों को दे रहे हैं. स्वयंसेवक तो शाखा में प्रत्येक दिन योग तथा व्यायाम करते ही थे. पहले परिवार की महिलाओं व बच्चों को मौका नहीं मिलता था. अब कुटुंब शाखा के कारण पूरा परिवार एक साथ योग करता है. इससे लोगों को काफी फायदा हो रहा है.

RSS कि कुटुंब शाखा से विश्व हिंदू परिषद, सेवा भारती, विद्या भारती, एकल अभियान, वनवासी कल्याण केंद्र, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, हिंदू जागरण मंच, धर्म जागरण समन्वय, अधिवक्ता परिषद, आरोग्य भारती, भारतीय मजदूर संघ जैसे अनेकों संगठन शाखा से जुड़े हैं.

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