कॉमनवेल्थ गेम्स से भारत के लिए एक और शानदार खबर सामने आई है… हरियाणा की धरती से निकली एक बेटी ने अपने दमदार पंचों से दुनिया को अपना लोहा मनवा दिया है।”
हरियाणा के भिवानी की बॉक्सर प्रीति पंवार ने स्कॉटलैंड के ग्लासगो में चल रहे कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन करते हुए 54 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली है। सेमीफाइनल मुकाबले में प्रीति ने जाम्बिया की कैथरीन मवापे को एकतरफा अंदाज में 5-0 से हराकर गोल्ड मेडल की उम्मीदों को और मजबूत कर दिया है। अब पूरे देश की नजरें शनिवार को होने वाले फाइनल मुकाबले पर टिकी हैं।
प्रीति की इस सफलता के पीछे वर्षों की मेहनत और परिवार का साथ भी है। भिवानी के बड़ेसरा गांव की रहने वाली प्रीति के पिता हरियाणा पुलिस में एएसआई हैं, जबकि उनकी मां सेना में नायब सूबेदार के पद पर तैनात हैं। इससे पहले भी प्रीति 2022 एशियाई खेलों में कांस्य पदक और 2025 विश्व कप में स्वर्ण पदक जीतकर देश का नाम रोशन कर चुकी हैं।
वहीं, हरियाणा के लिए एक और बड़ी खबर यह है कि हिसार के बॉक्सर अंकुश पंघाल आज 80 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में कनाडा के जोशुआ ओफोरी से भिड़ेंगे। अगर अंकुश यह मुकाबला जीत जाते हैं, तो भारत के लिए एक और गोल्ड की उम्मीद मजबूत हो जाएगी।
इसके अलावा, भिवानी की डिस्कस थ्रो खिलाड़ी सीमा कालीरामना ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए 58.65 मीटर का थ्रो फेंककर ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया है।
“यानी कॉमनवेल्थ गेम्स में हरियाणा के खिलाड़ियों का जलवा लगातार बरकरार है। अब देश को इंतजार है उस पल का, जब प्रीति पंवार फाइनल में उतरकर भारत के लिए गोल्डन इतिहास रचेंगी।




