दिल्ली पुलिस मुख्यालय पर प्रदर्शन के बाद निलंबित किए गए ACP मनस्वी वशिष्ठ ने अब वीडियो जारी कर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने साफ कहा कि निलंबन से वह न तो आहत हैं और न ही उनका मनोबल कमजोर हुआ है। वशिष्ठ ने विभागीय जांच पर भरोसा जताते हुए पुलिसकर्मियों से अपना फोकस, प्रतिबद्धता और संकल्प बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने संपर्क सभा में उठाए गए मुद्दों के समाधान की उम्मीद भी जताई। आगे पढ़ें पूरी खबर।

वीडियो जारी कर निलंबन की पुष्टि की
ACP मनस्वी वशिष्ठ ने वीडियो संदेश में अपने निलंबन की पुष्टि की। उन्होंने पुलिसकर्मियों और वरिष्ठ अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि निलंबन कोई असाधारण बात नहीं, बल्कि विभागीय कार्रवाई है।
उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई से उनका मनोबल नहीं टूटा है। उन्हें पूरी उम्मीद है कि मामले में निष्पक्ष जांच होगी और निष्पक्ष फैसला सामने आएगा।
पुलिसकर्मियों का जताया आभार
वशिष्ठ ने हाल ही में आयोजित संपर्क सभा का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मियों ने उन्हें इस बैठक में शामिल होने का अवसर दिया, जहां सभी ने अपनी समस्याएं और विचार खुलकर रखे।
उन्होंने संपर्क सभा में शामिल पुलिसकर्मियों का आभार जताया और उम्मीद व्यक्त की कि बैठक में उठाए गए मुद्दों पर कार्रवाई होगी तथा उनका सकारात्मक समाधान निकलेगा।
बोले- फोकस और संकल्प बनाए रखें
वीडियो में ACP ने साथी पुलिसकर्मियों से अपील की कि वे अपनी ड्यूटी और जिम्मेदारियों पर ध्यान बनाए रखें। उन्होंने कहा कि सभी का फोकस, प्रतिबद्धता और संकल्प पहले की तरह मजबूत रहना चाहिए।
उनका संदेश ऐसे समय आया है, जब दिल्ली पुलिस मुख्यालय पर हुए प्रदर्शन और उसके बाद की कार्रवाई को लेकर विभाग में चर्चा जारी है।
आखिर क्यों निलंबित हुए ACP मनस्वी वशिष्ठ?
यह पूरा मामला 23 अक्टूबर को शाहदरा पुलिस थाने में वकीलों और पुलिसकर्मियों के बीच हुई झड़प से जुड़ा है। इस घटना में अधिवक्ता ललित बंसल के सिर में गंभीर चोट लगने की बात सामने आई थी। इसके बाद वकीलों ने पुलिस अधिकारियों पर दुर्व्यवहार और धमकी देने के आरोप लगाए थे।
विवाद के बाद ACP मनस्वी वशिष्ठ और तत्कालीन SHO इंस्पेक्टर अरुण कुमार का तबादला कर दिया गया था। 2 नवंबर को दिल्ली पुलिस के कई कर्मचारी इन तबादलों के विरोध में पुलिस मुख्यालय के बाहर जुटे। वशिष्ठ भी इस प्रदर्शन में शामिल हुए थे।
गृह मंत्रालय ने किया था तत्काल प्रभाव से निलंबित
प्रदर्शन के अगले दिन गृह मंत्रालय ने ACP मनस्वी वशिष्ठ को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। आदेश में उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही प्रस्तावित होने का उल्लेख किया गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय दिल्ली निर्धारित किया गया है और सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के बिना उन्हें मुख्यालय छोड़ने की अनुमति नहीं होगी।
हालांकि, निलंबन आदेश में कार्रवाई के विस्तृत आरोपों का उल्लेख नहीं किया गया है। अब विभागीय जांच के नतीजों पर नजर रहेगी।
पुलिस और वकीलों के बीच विवाद में नया मोड़
ACP मनस्वी वशिष्ठ का यह वीडियो ऐसे समय आया है, जब शाहदरा थाने की घटना के बाद पुलिस और वकीलों के बीच तनाव का मामला चर्चा में है। एक ओर पुलिसकर्मी अपने अधिकारियों के तबादले और सेवा संबंधी मांगों को लेकर आवाज उठा रहे हैं, वहीं वकीलों की ओर से भी घटना में कार्रवाई की मांग की जा रही है।
अब इस पूरे मामले में निष्पक्ष जांच और विभागीय फैसले का इंतजार है।




