उत्तर प्रदेश के आगरा शिक्षक खंड एमएलसी चुनाव में मतदान के दौरान सपा प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल ने कथित अनियमितताओं और अपने समर्थकों को परेशान किए जाने के आरोप लगाए। मीडिया से बातचीत करते हुए वह भावुक होकर रो पड़े। उन्होंने यहां तक कहा कि वह लखनऊ जाकर इस्लाम कबूल कर लेंगे। आखिर मतदान के दौरान ऐसा क्या हुआ कि प्रत्याशी इस कदर भावुक हो गए? आगे पढ़ें पूरी खबर।

मतदान में गड़बड़ी का लगाया आरोप
शुक्रवार, 23 अक्टूबर को उत्तर प्रदेश विधान परिषद के स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए मतदान हुआ। आगरा शिक्षक खंड से समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल ने मतदान प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप लगाया। उनका कहना था कि उनके समर्थकों को परेशान किया जा रहा है और कुछ मतदान केंद्रों पर अनियमितताएं हुई हैं।
समर्थकों से दुर्व्यवहार का दावा
आकाश अग्रवाल ने आरोप लगाया कि खेरागढ़ में पीठासीन अधिकारी के भोजन करने के दौरान मतदान केंद्र से लोगों को बाहर निकाल दिया गया। उन्होंने छाता बूथ पर बूथ कैप्चरिंग का आरोप भी लगाया। साथ ही, कार्यकर्ताओं के साथ अधिकारियों द्वारा अभद्रता किए जाने की बात कही। ये आरोप प्रत्याशी की ओर से लगाए गए हैं; इनकी स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध रिपोर्टों में नहीं की गई है।
बातचीत के दौरान भावुक हुए प्रत्याशी
मीडिया से बात करते हुए आकाश अग्रवाल रो पड़े। उन्होंने कहा कि उनके साथ ऐसा व्यवहार किया जा रहा है, मानो वह कोई आतंकवादी हों। उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें जीत-हार की परवाह नहीं, बल्कि निष्पक्ष मतदान और अपने फैसले से चुनाव लड़ने का अधिकार महत्वपूर्ण है।
धर्म परिवर्तन की बात कहने से चर्चा में आए
भावुक होकर आकाश अग्रवाल ने कहा कि वह लखनऊ की शाही ईदगाह जाकर इस्लाम कबूल कर लेंगे। उनका यह बयान मतदान के दौरान सामने आए आरोपों और उनके विरोध के बीच आया। हालांकि, उनके धर्म परिवर्तन करने की किसी वास्तविक कार्रवाई की पुष्टि नहीं है।
चुनावी माहौल में उठे निष्पक्षता के सवाल
आगरा शिक्षक खंड के चुनाव को लेकर सपा ने मतदान की निष्पक्षता पर सवाल उठाए। मतदान के दौरान लगाए गए आरोपों ने चुनावी माहौल में हलचल पैदा कर दी। बूथ कैप्चरिंग और मतदान में गड़बड़ी जैसे आरोपों की पुष्टि संबंधित अधिकारियों की जांच या आधिकारिक बयान से ही हो सकती है।




